पद

कवि: रैदास   भक्ति कविता   काव्य 8

पाठ का सारांश

संत कवि रैदास के ये पद भक्ति आंदोलन की निर्गुण संप्रदाय की सशक्त अभिव्यक्ति हैं। उनके पदों में सामाजिक समानता, ईश्वर प्राप्ति का सहज मार्ग और आडंबरों का खंडन मुख्य विषय हैं। रैदास का संदेश है कि ईश्वर न तो किसी मंदिर में बंदा है और न ही जाति-पांति से प्राप्त होता है। सच्चा भक्त वही है जो मन से शुद्ध है। पदों में ज्ञान, भक्ति और समानता का सुंदर संगम दिखता है। रैदास की सहज और लोकभाषा में लिखी कविता आज भी प्रासंगिक है।

पाठ PDF

PDF डाउनलोड करें ↓

विस्तृत अध्ययन सामग्री

विस्तृत सारांश, NCERT समाधान, शब्दार्थ, अतिरिक्त प्रश्न और अधिक के लिए English Chatterbox पर जाएँ।

English Chatterbox पर जाएँ →